एक पुजारी की कहानी (EK PUJARI KI KAHANI)

EK PUJARI KI KAHANI

 

एक पुजारी की कहानी (EK PUJARI KI KAHANI)


एक गांव में एक बहुत ही सिद्ध मंदिर था। वह मंदिर पहाड पर  बहुत ऊंचाई पर बना था। दुर्गम राह होने पर भी लोगों की आस्था उस मंदिर के प्रति कम नहीं थी।


अचानक एक दिन उस मंदिर के पुजारी की मृत्य हो गई। मंदिर के संचालकों को नए पुजारी की जरूरत थी। अत: उन्होंने घोषणा की कि मंगलवार को पुजारी के पद हेतु साक्षात्कार लिया जाएगा।


चूंकि मंदिर के पुजारी की काफी आमदनी थी, इसलिए कई पूजारी मंगलवार के दिन साक्षात्कार हेतु मंदिर पहुंचे। संचालन समिति ने सबसे साक्षात्कार किया।



कुछ देर बाद एक युवक आया। उसने साधारण से कपडे पहन रखे थे और माथे  पर सिंदूरी तिलक लगा रखा था। उसे देखकर समिति के एक सदस्य ने कहा, “तुम्हें इतनी देर कैसे हो गई? साक्षात्कार तो समाप्त हो चुका है।"


वह बोला, "कोई बात नहीं, मैं भगवान के दर्शन ही कर लूंगा।"


 “पर तुम्हें देर कैसे हो गई?" एक दूसरे सदस्य ने पूछा।


“महानुभावो! मैं घर से तो जल्दी चला था, लेकिन जब पहाडी पर पहुंचा तो  देखा कि रास्ता बहुत खराब है और लोगों को मंदिर तक जाने में परेशानी हो रही  है, अत: मैं रास्ते के पत्थर हटाने लगा। इसीलिए देर हो गई।"


उसकी बात सुनकर संचालन समिति के सदस्य प्रभावित हुए। उन्होंने आपस में  सलाह की, फिर उससे पूछा, “क्या तुम्हें पूजा करनी आती है?"


“जी, ठाकुरजी को स्नान कराकर धूप-बत्ती करना और भोग लगाना तो मुझे  आता है। शंख भी बजा लेता हूं।"


"मंत्र पढ़ना जानते हो?"


“भगवान को स्नान कराने, धूपबत्ती जलाने, भोग चढ़ाने के लिए कोई मंत्र होते हैं, यह तो मुझे मालूम नहीं। मैं तो घर पर ठाकुरजी की बिना मंत्र के ही पूजा करता हूं।"


यह सुनकर वहां उपस्थित शेष ब्राह्मण हंसने लगे और उसका मजाक उड़ाने लगे।


संचालन समिति के सदस्य आपस में सलाह करने लगे। कुछ देर बाद एक सदस्य बोला, “तुम वास्तव में पुजारी बनने लायक हो। भगवान की पूजा जिस श्रद्धा से की जाती है वह तुम्हारे भीतर मौजूद है। रही मंत्रों की बात तो वह हम तुम्हें सिखा देंगे।"


कथा-सार

यह ठीक है कि किसी भी कार्य के योग्य होने की कछ न्यूनतम योग्यताए होती हैं जो उस युवक में थीं। कर्मकांड में विशेषज्ञता उसे बेशक हासिल नही  थी, लेकिन मानवता का गुण उसमें कूट-कूटकर भरा था। उसे अन्य सभी  से  श्रेष्ठ बना देने वाला यही गुण था।


 एक पुजारी की कहानी (EK PUJARI KI KAHANI)

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